राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (एनसीपीसीआर) ने आज यौन अपराधों से बालकों का संरक्षण (पोक्सो) अधिनियम , 2012 और बाल एवं किशोर श्रम (निषेध एवं विनियमन) सीएएल (पीएंडआर) अधिनियम , 1986 के प्रसार एवं जागरूकता के संबंध में ऑनलाइन राष्ट्रीय परामर्श आयोजित किया। उक्त कार्यक्रम में विभिन्न केंद्रीय एवं राज्य मंत्रालयों , राज्य पुलिस विभागों , एससीपीसीआर , गैर सरकारी संगठनों के लगभग 300 प्रतिभागियों ने भाग लिया। पोक्सो अधिनियम के बारे में जागरूकता को बढ़ावा - एनसीपीसीआर की अध्यक्ष सुश्री तृप्ति गुरहा ने मुख्य भाषण देते हुए इस बात पर जोर दिया कि पोक्सो अधिनियम , 2012 और सीएएल (पी एंड आर) अधिनियम ,1986 के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए व्यवस्थित जागरूकता को बढ़ावा दिया जाना चाहिए। उन्होंने इन क्षेत्रों में आयोग की विभिन्न पहलों को भी रेखांकित किया। उन्होंने सही मायने में बाल अधिकारों के संरक्षण के उद्देश्यों को प्राप्त करने के लिए प्रत्येक हितधारक से सहकार्य और सहयोग की मांग की। एनसीपीसीआर की सदस्य (एलआरसी) सुश्री प्रीति भारद्वाज दलाल ने पोक्सो अधिनियम के बारे में जागर...
Mission Shakti महिलाओं की सुरक्षा , संरक्षा और समग्र कल्याण को बढ़ाने के लिए महिला एवं बाल विकास मंत्रालय के द्वारा कि गई प्रमुख पहलों की जानकारी भारत देश में महिला सशक्तिकरण की नई परिभाषा महिलाओं का सशक्तिकरण यह एक परिवर्तनकारी प्रक्रिया है, जो महिलाओं को आर्थिक , सांस्कृतिक , सामाजिक / राजनीतिक जीवन के सभी क्षेत्रों में समान अवसर प्राप्त हों , यह सुनिश्चित करती है। यह न केवल महिलाओं की व्यक्तिगत क्षमता को ही बढ़ाता है , बल्कि सामाजिक प्रगति में भी योगदान देता है। भारत देश ने महिलाओं को सशक्त बनाने में उल्लेखनीय प्रगति की है , उनकी सुरक्षा , आर्थिक स्वतंत्रता और सामाजिक समावेश पर ध्यान केंद्रित किया है। यह दस्तावेज़ महिला सशक्तिकरण में भारत की प्रगति को आगे बढ़ाने वाले कुछ प्रमुख कार्यक्रमों की रूपरेखा प्रस्तुत करता है , जो एक अधिक न्यायसंगत और समावेशी समाज बनाने के लिए राष्ट्र की प्रतिबद्धता को प्रदर्शित करता है। मिशन शक्ति मंत्रालय ने १५ वें वित्त आयोग की अवधि 2021-22 से 2025-26 के दौरान महिलाओं की सुरक्षा , संरक्षा और सशक्तिकरण के लिए एक व्यापक ...